नमस्कार! स्वागत है आपका आज रविवार की सबसे बड़ी और धमाकेदार खबर में। सीधे लद्दाख की बर्फीली वादियों और राजस्थान की तपती जेल से आ रही है आज बताता हूँ आपको एक अनोखी कहानी आइए, इस पूरी खबर को एक फिल्म की कहानी की तरह समझते हैं: पार्ट 1: फ्लैशबैक (आखिर कहानी शुरू कैसे हुई?) बात है 2024 और 2025 की। सोनम वांगचुक लद्दाख को पूर्ण राज्य बनाने और ‘छठी अनुसूची’ (6th Schedule) का दर्जा दिलाने के लिए मैदान में उतरे। उनका मकसद साफ था- लद्दाख के खूबसूरत पहाड़ों और वहां के पर्यावरण को बचाना। उन्होंने 21 दिनों का अनशन किया और ‘दिल्ली चलो’ मार्च भी निकाला। सब कुछ एकदम शांति से चल रहा था। पार्ट 2: कहानी में ट्विस्ट (24 सितंबर 2025 का हंगामा) तारीख थी 24 सितंबर 2025। लेह में चल रहा शांतिपूर्ण प्रदर्शन अचानक एक्शन फिल्म की तरह हिंसक हो गया। इस हंगामे में 4 लोगों की जान चली गई और 100 से ज्यादा लोग घायल हो गए। इसके ठीक दो दिन बाद, 26 सितंबर को सरकार ने कड़ा एक्शन लिया। सोनम वांगचुक पर NSA (राष्ट्रीय सुरक्षा कानून) लगाया और उन्हें सीधा राजस्थान की जोधपुर सेंट्रल जेल भेज दिया! आरोप लगा कि उनके भाषणों से माहौल बिगड़ रहा है। पार्ट 3: कोर्ट रूम ड्रामा और हैप्पी एंडिंग! पत्नी डॉ. गीतांजलि ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाज़ा खटखटाया। कोर्ट में जोरदार बहस चली। और अब, पूरे 170 दिन (करीब 6 महीने) जोधपुर जेल की सलाखों के पीछे बिताने के बाद, कहानी में एक शानदार ट्विस्ट आया है! कल, 14 मार्च 2026 को गृह मंत्रालय ने बड़ा दिल दिखाते हुए वांगचुक पर लगा NSA हटा लिया। सरकार का मैसेज साफ है- “चलिए, गुस्सा थूकते हैं और लद्दाख के विकास पर शांति से बात करते हैं।” शाम होते-होते वांगचुक खुली हवा में सांस ले रहे थे! आगे क्या होगा? सस्पेंस अभी बाकी है… वांगचुक तो बाहर आ गए हैं, लेकिन क्या अब केंद्र सरकार लद्दाख की वो ‘छठी अनुसूची’ वाली मांग मान लेगी? लद्दाख के पहाड़ों में आगे क्या होने वाला है? पिक्चर अभी बाकी है मेरे दोस्त! Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Share on Telegram (Opens in new window) Telegram Share on Threads (Opens in new window) Threads Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Post navigation महा-संकट: ईरान युद्ध से सहमा शेयर बाजार, सोना रिकॉर्ड ऊंचाई पर; कोरोना के बाद देश में सबसे बड़ा आर्थिक ‘भूकंप’ लोकसभा में बड़ा समझौता: 8 निलंबित सांसदों की कल होगी वापसी, सर्वदलीय बैठक में सुलझा विवाद