खरगोन/ मध्य प्रदेश: अप्रैल 2022 के खरगोन दंगा मामले में अदालत के एक बड़े फैसले ने प्रशासन की ‘बुलडोजर कार्रवाई’ पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सेशंस कोर्ट ने सबूतों के अभाव में आरोपी बनाए गए सभी 11 मुस्लिम युवकों को निर्दोष बरी कर दिया है। लेकिन अदालत के इस फैसले के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि – बिना दोष साबित हुए जिन परिवारों की छत छीन ली गई थी, अब उनके नुकसान की भरपाई कौन करेगा? दंगे के तुरंत बाद चला था बुलडोजर अप्रैल 2022 में रामनवमी जुलूस के दौरान खरगोन में भड़की हिंसा के तुरंत बाद प्रशासन ने ताबड़तोड़ कार्रवाई की थी। पुलिसिया कार्रवाई के साथ-साथ ‘अवैध निर्माण’ का हवाला देते हुए कई आरोपियों और संदिग्धों के मकानों और दुकानों को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया गया था। इनमें से कई मकान उन 11 लोगों के भी थे जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार किया था। 800 से ज्यादा दिन जेल में बीते, कोर्ट ने कहा– ‘सबूत नहीं हैं’ चौथे अपर सत्र न्यायाधीश मुकेश नाथ की अदालत ने मामले की सुनवाई करते हुए पाया कि पुलिस आरोपियों के खिलाफ कोई ठोस सबूत पेश नहीं कर सकी: गवाह मुकरे: 13 में से 8 गवाहों ने आरोपियों को पहचानने से साफ इनकार कर दिया। फॉरेंसिक रिपोर्ट में कुछ नहीं: FSL जांच में घटना स्थल पर किसी भी ज्वलनशील पदार्थ या पेट्रोल के सबूत नहीं मिले। लंबा इंतजार: कोर्ट से निर्दोष साबित होने से पहले इन युवकों को 400 से 800 दिनों से भी ज्यादा समय जेल की सलाखों के पीछे बिताना पड़ा। कोर्ट से बरी होने के बाद पीड़ित परिवारों की खुशी के साथ-साथ उनका दर्द भी छलक पड़ा है। कानूनी विशेषज्ञों और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं ने इस मामले में प्रशासन की प्रक्रिया पर निशाना साधा है: 1. नुकसान का जिम्मेदार कौन? दंगे के बाद प्रशासन ने बिना पूरा ट्रायल हुए ही लोगों की संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया। अब निर्दोष साबित होने पर उन टूट चुके घरों का मुआवजा कौन देगा? 2. कानूनी प्रक्रिया का उल्लंघन: वकीलों का तर्क है कि ‘दोषी’ साबित होने से पहले सजा देना कानून के सिद्धांतों के खिलाफ है। 3. गंभीर सामाजिक असर: जेल में गुजारे गए साल और सिर से छीनी छत के कारण इन 11 परिवारों की आर्थिक और मानसिक स्थिति पूरी तरह बिखर चुकी है। प्रशासन की इस जल्दबाजी और बुलडोजर नीति पर अब एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर बहस छिड़ गई है। Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Share on Telegram (Opens in new window) Telegram Share on Threads (Opens in new window) Threads Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Post navigation BRICS प्रतिनिधियों ने निहारी सांची की समृद्ध बौद्ध विरासत, तिलक लगाकर हुआ भव्य स्वागत मध्य प्रदेश को बड़ी सौगात: 4 नई हवाई सेवाएं शुरू, जल्द बनेंगे 5 नए एयरपोर्ट्स; सबसे पहले सिंगरौली में होगा निर्माण