रायसेन (मध्य प्रदेश): भारत की समृद्ध बौद्ध विरासत और ऐतिहासिक स्थापत्य कला का अवलोकन करने के लिए BRICS देशों के प्रतिनिधियों एवं डेलीगेट्स का एक दल रायसेन जिले के विश्व प्रसिद्ध धरोहर स्थल सांची पहुंचा। सांची आगमन पर रायसेन कलेक्टर श्री अरुण कुमार विश्वकर्मा की अगवानी में सभी विदेशी मेहमानों का भारतीय संस्कृति और परंपरा के अनुरूप तिलक लगाकर और पुष्पगुच्छ देकर आत्मीय स्वागत किया गया। 10 देशों के 42 प्रतिनिधि हुए शामिल इस विशेष अंतरराष्ट्रीय अध्ययन दल में BRICS समूह के सदस्य देशों—ब्राज़ील, चीन, दक्षिण अफ्रीका, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), इंडोनेशिया, और रूस सहित कुल 10 सदस्य देशों के 42 प्रतिनिधि शामिल हैं। प्राचीन स्थापत्य कला और शांति संदेश की सराहना भ्रमण के दौरान प्रतिनिधियों ने सांची के स्तूपों, तोरण द्वारों और बौद्ध कलाकृतियों का गहराई से अवलोकन किया। प्रशासनिक अधिकारियों ने मेहमानों को सांची स्तूप के ऐतिहासिक महत्व और भगवान बुद्ध व सम्राट अशोक के युग से जुड़े इतिहास की जानकारी दी। विदेशी प्रतिनिधियों ने भारत की प्राचीन वास्तुकला और शांति-सद्भाव के संदेश की काफी सराहना की। कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा और व्यवस्था के लिए रायसेन जिला प्रशासन व पुलिस बल की ओर से पुख्ता इंतजाम किए गए थे। Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Share on Telegram (Opens in new window) Telegram Share on Threads (Opens in new window) Threads Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Post navigation प्राथमिक शिक्षक भर्ती 2025: नियमों में बदलाव के आरोपों पर DPI का बड़ा स्पष्टीकरण, जानें विभाग ने क्या कहा बुलडोजर एक्शन पर उठे गंभीर सवाल, खरगोन दंगे में बरी हुए 11 निर्दोष, अब टूट चुके मकानों का क्या?