अमेरिका और ईरान के बीच महायुद्ध का खतरा अभी टला नहीं है! अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने भले ही हमलों को 5 दिनों के लिए टाल कर सीजफायर (युद्धविराम) का पासा फेंका हो, लेकिन ईरान ने सीधा अमेरिका की आंखों में आंखें डालकर अपना कड़ा अल्टीमेटम (ultimatum) दे दिया है। ईरान ने साफ कर दिया है कि वह किसी भी दबाव में झुकने वाला नहीं है। शांति या बातचीत तो दूर की बात है, पहले अमेरिका को ईरान की ये 4 बड़ी शर्तें माननी ही होंगी। ईरान की 4 सबसे बड़ी मांगें: • पाई-पाई का हर्जाना: ईरान का सीधा फरमान है कि युद्ध और हमलों की वजह से उनके देश में जो भी बर्बादी हुई है, अमेरिका और उसके सहयोगियों को उस नुकसान का पूरा मुआवजा चुकाना होगा। •सारे प्रतिबंध तुरंत हटाओ: ईरान की अर्थव्यवस्था को रोकने वाले जितने भी अंतरराष्ट्रीय और आर्थिक प्रतिबंध (Sanctions) अमेरिका ने लगाए हैं, वो सभी एक झटके में खत्म होने चाहिए। ईरान का तेल व्यापार बिना किसी रुकावट के चलना चाहिए। • दुनिया के सामने पक्की गारंटी: ईरान को सिर्फ बातों से तसल्ली नहीं चाहिए। अमेरिका को एक अंतरराष्ट्रीय और कानूनी गारंटी देनी होगी कि वह भविष्य में कभी ईरान पर हमला नहीं करेगा और उसके अंदरूनी मामलों में दखलंदाजी नहीं करेगा। •अमेरिकी सेना की वापसी: खाड़ी (Gulf) देशों में अमेरिका का जो भी सैन्य जमावड़ा है, अमेरिका को वहां से अपनी सेना को तुरंत वापस बुलाना होगा। मामला इतना आसान नहीं है क्योंकि डोनाल्ड ट्रम्प भी पीछे हटने वालों में से नहीं हैं। अमेरिका की अपनी साफ मांगें हैं— ईरान तुरंत होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को दुनिया के व्यापार के लिए खोले और अपना परमाणु कार्यक्रम (Nuclear Program) हमेशा के लिए बंद कर दे। आगे क्या होगा? दोनों देशों की इस भयंकर जिद से साफ है कि यह 5 दिन का सीजफायर सिर्फ एक खामोशी है, जो किसी बड़े तूफान से पहले आती है। अगर दोनों देश अपनी मांगों पर अड़े रहे, तो दुनिया को एक भयानक युद्ध और कच्चे तेल की आसमान छूती कीमतों का सामना करना पड़ सकता है। Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Share on Telegram (Opens in new window) Telegram Share on Threads (Opens in new window) Threads Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Post navigation ट्रंप के एक बयान से झूमा दुनियाभर का शेयर बाजार: 5 दिन के लिए टला युद्ध, कच्चे तेल के गिरे दाम महायुद्ध का 25वां दिन: अमेरिका का शांति प्रस्ताव और इजरायल-ईरान के बीच भीषण हमले!