तेहरान/ईरान: अमेरिकी डॉलर के दबदबे को खत्म करने के लिए ईरान ने अब तक का सबसे बड़ा कदम उठाया है। दुनिया के सबसे अहम समुद्री रास्तों में से एक, होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से अब वही तेल के जहाज गुजर सकेंगे जो अमेरिकी डॉलर की जगह चीनी मुद्रा युआन (Yuan) में व्यापार करेंगे। इस फैसले ने पूरी दुनिया के तेल बाजार और अर्थव्यवस्था में हलचल मचा दी है। • डॉलर की छुट्टी: ईरान ने साफ कर दिया है कि इस रास्ते से जाने वाले तेल टैंकर्स के लिए डॉलर में पेमेंट स्वीकार नहीं किया जाएगा। • चीन की करेंसी को फायदा: इस कदम से चीनी मुद्रा ‘युआन’ की ताकत दुनिया भर में तेजी से बढ़ेगी। यह अमेरिका के लिए एक बहुत बड़ा झटका माना जा रहा है। • प्रतिबंधों का जवाब: अमेरिका ने ईरान पर जो कड़े प्रतिबंध लगा रखे हैं, यह फैसला उसी का एक करारा जवाब है। अब ईरान और उसके साथी देश अमेरिकी बैंकिंग सिस्टम (SWIFT) के बिना आसानी से व्यापार कर सकेंगे। • ग्लोबल मार्केट पर सीधा असर: दुनिया का लगभग 20 से 30 प्रतिशत कच्चा तेल इसी होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते से होकर गुजरता है। ऐसे में दुनिया के कई देशों को अब तेल खरीदने के लिए नए तरीके खोजने होंगे या युआन में पेमेंट करना होगा। इस फैसले को डॉलर के राज को खत्म करने (De-dollarization) की दिशा में एक बहुत बड़ा और आक्रामक कदम माना जा रहा है। आने वाले समय में इसके परिणाम पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था पर दिखाई देंगे। Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Share on Telegram (Opens in new window) Telegram Share on Threads (Opens in new window) Threads Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Post navigation ईरान के रास्ते से निकले भारतीय LPG जहाज, क्या अब देश में खत्म होगी गैस की किल्लत? महायुद्ध का अलर्ट: क्या तीसरे विश्व युद्ध की तरफ बढ़ रही है दुनिया? अमेरिका-ईरान जंग की 5 सबसे खौफनाक खबरें!