बड़वानी/मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश सरकार ने जनहित के कार्यों में कोताही बरतने वाले अफसरों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। बड़वानी ज़िले में आयोजित ‘मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान’ के समाधान मंच पर उस वक्त हड़कंप मच गया, जब मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जनता की शिकायतों को सुनने के बाद 7 सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को मौके पर ही निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया। कार्यक्रम के दौरान जब ज़मीनी स्तर पर सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन और आम लोगों के अटके मामलों की समीक्षा की गई, तो कई अधिकारियों की गंभीर लापरवाही सामने आई। जनता से सीधे संवाद के बाद मुख्यमंत्री ने कड़ा संदेश दिया कि शासन की योजनाओं में देरी या ढिलाई किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लापरवाही बरतने के आरोप में जिन अधिकारियों और कर्मचारियों के निलंबन के निर्देश दिए गए, उनका ब्योरा इस प्रकार है: आशा परमार – तत्कालीन तहसीलदार (राजस्व व नामांतरण कार्यों में अनावश्यक देरी) मांगीलाल नरगांवे – पटवारी (ज़मीनी मामलों के निराकरण में लापरवाही) ललित बोरसे – पटवारी (राजस्व प्रकरणों को लंबित रखने पर) सौरभ सिंह राठौर / ठाकुर – तत्कालीन जनपद पंचायत सीईओ (संबल योजना के तहत हितग्राही को राशि न मिलने का मामला) मायाराम सोलंकी – सीएमओ (Chief Municipal Officer) (नगरीय निकाय कार्यों में ढिलाई) जगदीश धांगड़ – सीएमओ (Chief Municipal Officer) (जनसमस्याओं की अनदेखी करने पर) राजू डावर – सहायक यंत्री / AE (विकास कार्यों की निगरानी में कोताही) निलंबन की मुख्य वजहें सरकारी योजनाओं का अटकाव: प्रधानमंत्री आवास, किसान सम्मान निधि और संबल योजना के पात्र लोगों को समय पर लाभ न मिलना। राजस्व मामलों में हीलाहवाली: ज़मीनी दस्तावेज़ों, नामांतरण और सीमांकन जैसे आम जनता से जुड़े कामों को लटकाए रखना। शिकायतों का असंतोषजनक निराकरण: जनसुनवाई और सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों पर सही तरीके से काम न करना। मुख्यमंत्री का कड़ा संदेश: “हमारा उद्देश्य सरकार की हर जनकल्याणकारी योजना का लाभ अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक बिना किसी रुकावट के पहुँचाना है। जो भी अधिकारी या कर्मचारी जनता के काम में बाधा बनेगा या लापरवाही बरतेगा, उसके खिलाफ इसी प्रकार की सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई जारी रहेगी।” Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Share on Telegram (Opens in new window) Telegram Share on Threads (Opens in new window) Threads Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Post navigation रायसेन: कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा ने बरेली सिविल अस्पताल का किया औचक निरीक्षण, मरीजों से जाना हाल कलेक्टर और पूर्व कैबिनेट मंत्री ने आरोग्यम स्वास्थ्य केंद्र का किया औचक निरीक्षण, दिए जरूरी निर्देश