नई दिल्ली/11 फरवरी 2026/लोकसभा बुधवार को लोकसभा की कार्यवाही हंगामेदार रही। नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील और डेटा सुरक्षा को लेकर मोदी सरकार पर अब तक का सबसे बड़ा हमला बोला। वहीं, स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ विपक्ष के अविश्वास प्रस्ताव के चलते वे आज आसन पर नहीं बैठे। ‘होलसेल सरेंडर’ का आरोप राहुल गांधी ने सदन में चर्चा के दौरान सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि पीएम मोदी ने अमेरिका के सामने “होलसेल सरेंडर” (Wholesale Surrender) कर दिया है। उन्होंने कहा, “21वीं सदी में डेटा ही नया पेट्रोल है और भारत के पास दुनिया का सबसे बड़ा डेटा पूल है। लेकिन सरकार बिना किसी सुरक्षा (Safeguards) के इसे अमेरिकी कंपनियों को सौंप रही है।” राहुल ने आरोप लगाया कि सरकार ‘एपस्टीन फाइल्स’ और अडानी मामले के डर से विदेशी ताकतों के आगे झुक रही है। उन्होंने कहा कि यह डील भारत के हितों के खिलाफ है। जगदंबिका पाल और राहुल गांधी की नोकझोंक चूंकि स्पीकर ओम बिरला आज आसन पर नहीं थे, सदन की अध्यक्षता बीजेपी सांसद जगदंबिका पाल कर रहे थे। इस दौरान एक दिलचस्प वाकया देखने को मिला। राहुल गांधी ने जगदंबिका पाल को संबोधित करते हुए कहा, “जगदंबिका जी, आप पुराने कांग्रेसी हैं, इसलिए मेरे मन में आपके लिए एक ‘सॉफ्ट कॉर्नर’ है।” इस पर जगदंबिका पाल ने तुरंत पलटवार करते हुए कहा, “राहुल जी, अगर आप मेरी सलाह मानते (जब मैं कांग्रेस में था), तो आज आप उधर (विपक्ष में) नहीं बैठे होते।” इस जवाब पर सत्ता पक्ष के सदस्यों ने मेजें थपथपाईं। स्पीकर ओम बिरला ने क्यों छोड़ी कुर्सी? परंपरा के अनुसार, जब स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव (No-Confidence Motion) का नोटिस लंबित होता है, तो वे सदन की अध्यक्षता नहीं करते। विपक्ष ने कल ही ओम बिरला के खिलाफ नोटिस दिया था। हालांकि, सूत्रों के मुताबिक इस नोटिस में तारीखों से जुड़ी कुछ तकनीकी खामियां हैं, जिसके चलते इसे खारिज भी किया जा सकता है। अखिलेश यादव का तंज: ‘डील नहीं, ढील हुई है’ समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने भी चर्चा में भाग लेते हुए सरकार को घेरा। उन्होंने शायराना अंदाज में तंज कसते हुए कहा कि अमेरिका के साथ यह “डील नहीं, बल्कि ढील हुई है,” जिससे देश की संप्रभुता पर असर पड़ सकता है। सरकार का जवाब संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने राहुल गांधी के आरोपों को सिरे से खारिज किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष बिना तथ्यों के बात कर रहा है और देश को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। उन्होंने साफ किया कि भारत किसी के दबाव में नहीं है और यह डील देश के विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगी। Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Like this:Like Loading... Post navigation MP हाई कोर्ट का बड़ा फैसला: शिक्षकों के वेतन में ’70-80-90% फार्मूले’ को माना गलत, नियुक्ति दिनांक से 100% वेतन का रास्ता साफ़ बांग्लादेश में आज हो रहा महामुकाबला: भारी सुरक्षा के बीच वोटिंगशुरू होगी , अस्थिरता के बाद नई सरकार की उम्मीद। भारत से रिश्तें होंगे मज़बूत?