बक्सर (बिहार), 24फरवरी 2026: बिहार के बक्सर जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। चौसा नगर पंचायत इलाके में मंगलवार रात खुशियों भरा शादी का माहौल अचानक मातम और चीख-पुकार में बदल गया। जयमाला की रस्म के दौरान एक सिरफिरे आशिक ने स्टेज पर चढ़कर 18 वर्षीय दुल्हन आरती कुमारी को सरेआम गोली मार दी। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी अफरा-तफरी का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गया। क्या है पूरा मामला? जानकारी के मुताबिक, मंगलवार रात को यूपी के बलिया से बारात बक्सर के चौसा आई थी। बारात के स्वागत के बाद स्टेज पर जयमाला का कार्यक्रम चल रहा था। परिवार और रिश्तेदार जश्न में डूबे थे, तभी दुल्हन का पड़ोसी और आरोपी दीनबंधु (22 वर्ष) अचानक भीड़ को चीरते हुए स्टेज के करीब पहुँचा और उसने आरती के पेट में गोली दाग दी। गोली लगते ही दुल्हन खून से लथपथ होकर स्टेज पर गिर पड़ी। गिरते हुए आरती ने अपने परिजनों से कहा, “दीनबंधु ने मुझे गोली मारी है।” एकतरफा प्यार और सनक का नतीजा पुलिस की शुरुआती जांच और परिजनों के बयानों के अनुसार, यह एकतरफा प्यार (One-sided love) का खौफनाक नतीजा है। आरोपी दीनबंधु काफी समय से आरती को परेशान कर रहा था और उसकी शादी तय होने से बौखलाया हुआ था। आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास भी रहा है और उस पर 2021 में शराब तस्करी का मामला भी दर्ज हो चुका है। अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग गोली लगने के बाद गंभीर हालत में आरती को तुरंत बक्सर के सदर अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, हालत बेहद नाजुक होने के कारण डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें वाराणसी के ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया है, जहां वह जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रही हैं। पुलिस की कार्रवाई बक्सर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर लिया है। आरोपी दीनबंधु की गिरफ्तारी के लिए कई पुलिस टीमें गठित की गई हैं जो लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। पुलिस ने पूछताछ के लिए आरोपी के माता-पिता को हिरासत में लिया है। पुलिस प्रशासन ने जल्द ही आरोपी को सलाखों के पीछे धकेलने का दावा किया है। ✉️ प्रिय पाठकों के लिए एक ज़रूरी संदेश बक्सर की यह घटना सिर्फ एक न्यूज़ हेडलाइन नहीं है; यह हमारे समाज के लिए एक बहुत बड़ा अलार्म है। यह घटना सोचने पर मजबूर करती है कि ‘एकतरफा प्यार’ के नाम पर पल रही सनक और हिंसा हमारी बेटियों के लिए कितनी खतरनाक हो चुकी है। इस घटना से हमें एक समाज के रूप में कुछ बेहद ज़रूरी सबक लेने चाहिए: 1. ‘ना’ का मतलब ‘ना’ है: प्यार के नाम पर ज़बरदस्ती, पीछा करना (Stalking) या धमकी देना कोई ‘आशिकी’ नहीं, बल्कि एक गंभीर अपराध और मानसिक बीमारी है। इसका महिमामंडन करना बंद करें। 2. चेतावनी के संकेतों को नज़रअंदाज़ न करें: अगर आपकी बेटी, बहन या दोस्त किसी लड़के द्वारा परेशान किए जाने की शिकायत करती है, तो उसे हल्के में न लें। “लड़का है, सुधर जाएगा” या “बदनामी होगी” सोचकर चुप रहना जानलेवा साबित हो सकता है। समय रहते पुलिस या प्रशासन की मदद लें। 3. बेटों की परवरिश पर ध्यान दें: हमें अपने लड़कों को यह सिखाने की ज़रूरत है कि अस्वीकृति (Rejection) को कैसे स्वीकार किया जाए और महिलाओं की निजता और उनके फैसलों का सम्मान कैसे किया जाए। आज आरती वाराणसी के अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही है। आइए, हम सब उसकी सलामती की दुआ करें और यह प्रण लें कि अपने आस-पास किसी भी ‘दीनबंधु’ की सनक को पनपने नहीं देंगे। चुप्पी तोड़िए, क्योंकि आपकी एक शिकायत किसी की जान बचा सकती है। Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Share on Telegram (Opens in new window) Telegram Share on Threads (Opens in new window) Threads Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Like this:Like Loading... Post navigation लोकसभा स्पीकर ओम बिरला का डीपफेक वीडियो: कांग्रेस मीडिया सेल को नोटिस मध्य पूर्व में महायुद्ध की आहट: इज़रायल और अमेरिका का ईरान पर भीषण हमला, तेहरान दहला