वाशिंगटन/नई दिल्ली: भारत और अमेरिका ने आज एक ऐतिहासिक ट्रेड डील (Trade Deal) साइन कर दी है, जिसने ग्लोबल मार्केट में हलचल मचा दी है। इस समझौते को “The Father of All Deals” कहा जा रहा है। मुख्य ब्रेकिंग पॉइंट्स (Top Highlights): 1. भारतीय एक्सपोर्टर्स के लिए जैकपॉट: 18% टैरिफ फिक्स! अमेरिका ने भारतीय सामानों पर लगने वाले आयात शुल्क (Import Duty) को 50% से घटाकर सीधा 18% कर दिया है। • बड़ी खबर: रूसी तेल खरीदने के कारण भारत पर जो 25% की एक्स्ट्रा पेनल्टी लगी थी, उसे हटा दिया गया है। • असर: अब अमेरिका में भारतीय कपड़े, लेदर और ज्वेलरी चीन और वियतनाम (जो 20% ड्यूटी देते हैं) से भी सस्ते बिकेंगे। भारतीय टेक्सटाइल इंडस्ट्री के लिए यह अब तक की सबसे बड़ी राहत है। 2. भारत का ‘मिशन 500’ (Mission 500) का वादा प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच हुई बातचीत के बाद, भारत ने अगले 5 सालों में अमेरिका से $500 बिलियन (करीब 42 लाख करोड़ रुपये) का सामान खरीदने का कमिटमेंट किया है। • क्या खरीदेगा भारत? इसमें सबसे बड़ा हिस्सा कच्चा तेल (Energy), बोइंग विमान (Aircrafts), डिफेंस इक्विपमेंट और हाई-टेक चिप्स का होगा। • शर्त: बदले में भारत को रूस से तेल की खरीद कम या बंद करनी पड़ सकती है और अमेरिका/वेनेजुएला से तेल खरीदना होगा। 3. अमेरिकी बादाम और वाइन होगी सस्ती भारत ने भी अमेरिकी कृषि उत्पादों (Agricultural Products) के लिए अपने दरवाजे खोल दिए हैं। • अब अमेरिका से आने वाले बादाम (Almonds), अखरोट, बेरीज और वाइन (Wines) पर भारत में कस्टम ड्यूटी कम या जीरो हो जाएगी। 📈 शेयर बाजार पर सीधा असर: इस खबर के आते ही भारतीय शेयर बाजार में टेक्सटाइल (Textile) और ऑटो पार्ट्स कंपनियों के शेयर्स में भारी उछाल देखने को मिल सकता है। जानकारों का कहना है कि यह डील भारत को ‘मैन्युफैक्चरिंग हब’ बनाने में गेमचेंजर साबित होगी। सबसे बड़ा सवाल क्या इससे मेडिकल क्षेत्र और कृषि क्षेत्र के सामान होंगे और भी सस्ते ? अपनी राय हमें जरूर दें- Share this: Share on Facebook (Opens in new window) Facebook Share on X (Opens in new window) X Like this:Like Loading... Post navigation सरकार बनते ही मात्र कुछ ही घंटों में एक बार फिर झुलसा मणिपुर जानिए क्या है कारण? इतिहास में पहली बार सीएम बनीं वकील : ममता बनर्जी ख़ुद बनीं ‘वकील’, सुप्रीम कोर्ट में खुद की पैरवी, कहा- ‘लोकतंत्र बचाइए’!