नई दिल्ली । 21/03/2026 :

दुनिया भर में, खासकर मिडिल ईस्ट (Middle East) में चल रहे तनाव को देखकर अगर आपको भी लग रहा है कि भारत में पेट्रोल-डीजल खत्म हो जाएगा या इसके लिए लंबी लाइनें लगेंगी, तो एक गहरी सांस लीजिए और रिलैक्स हो जाइए! भारत सरकार और पेट्रोलियम मंत्रालय के ताज़ा आंकड़ों के मुताबिक, देश के पास इतना बड़ा ‘बफर स्टॉक’ मौजूद है कि हमें पैनिक (Panic) करने की रत्ती भर भी जरूरत नहीं है।

भारत की तैयारी कितनी पक्की है? आइए 4 आसान पॉइंट में समझते हैं:

• 74 दिन की फुल गारंटी: अगर आज दुनिया भर से कच्चे तेल (Crude Oil) की सप्लाई पूरी तरह रुक भी जाए, तब भी भारत के पास इतना बड़ा रिजर्व है कि पूरे देश की गाड़ियां और फैक्ट्रियां लगातार 74 दिनों तक बिना रुके चल सकती हैं। हमारे पास अभी लगभग 250 मिलियन बैरल (करीब 4000 करोड़ लीटर) तेल का महा-स्टॉक है।

• जमीन के नीचे छिपा है इमरजेंसी खजाना: भारत ने किसी भी आपातकाल (Emergency) से निपटने के लिए विशाखापत्तनम, मंगलुरु और पाडुर में जमीन के नीचे विशाल गुफाएं (अंडरग्राउंड स्टोरेज) बनाई हैं। इनमें लाखों लीटर कच्चा तेल सुरक्षित रखा गया है, जो इस समय 77% तक भरा हुआ है।

• 2014 के बाद देश कितना सुरक्षित हुआ?: 2014 से पहले हमारे पास ऐसी कोई इमरजेंसी अंडरग्राउंड स्टोरेज की सुविधा तैयार नहीं थी। लेकिन पिछले कुछ सालों में न सिर्फ ये स्टोरेज बनकर तैयार हुए, बल्कि जब दुनिया में तेल सस्ता था, तब सरकार ने इन्हें फुल कर लिया। इससे देश के हजारों करोड़ रुपये भी बचे और सुरक्षा भी बढ़ी।

• आगे की तैयारी भी चालू है: सरकार यहीं नहीं रुकी है। ओडिशा और कर्नाटक में 6.5 मिलियन मीट्रिक टन के नए विशाल स्टोरेज बनाने का काम भी शुरू कर दिया गया है, ताकि भविष्य में भारत ऊर्जा के मामले में और भी ताकतवर बन सके।

इसका सीधा सा मतलब है कि आपके शहर के पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीजल पहले की तरह ही मिलता रहेगा। अफवाहों पर बिल्कुल ध्यान न दें और पैनिक होकर गाड़ियों की टंकियां फुल कराने या तेल स्टॉक करने की कोई जरूरत नहीं है। भारत का सप्लाई सिस्टम पूरी तरह मजबूत और सुरक्षित है।

error: Content is protected !!